पाकिस्तान से रावी दरिया में भेजी गई 300 करोड़ की हेरोइन बीएसएफ ने पकड़ी, कपड़े का लंबा थैला सीकर फुटबॉल के 60 ब्लेडरों में डाल रखे थे पैकेट

19 Jul, 2020 | Punjab | Garima Times

डीआईजी राजेश शर्मा ने बताया कि बरामद की गई हेरोइन की खेप को एनसीबी नारकोटिक कंट्रोल ब्यूरो अमृतसर को सौंपा जाएगा और हमारी बीएसएफ द्वारा इस एरिया में लगातार सर्च ऑपरेशन जारी रहेगा। वहीं, खेप बरामद करने वाले जवानों का बनता मान सम्मान दिलाया जाएगा

पंजाब में पाकिस्तान बॉर्डर से सटे गुरदासपुर जिले में रविवार को सीमा सुरक्षा बल ने नशा तस्करी की बड़ी साजिश को नाकाम किया है। बताया जा रहा है कि पाकिस्तानी तस्करों ने 60 किलो हेरोइन रावी दरिया के जरिये भेजी थी। बड़े ही शातिराना अंदाज में कपड़े का लंबा थैला सीकर उसमें फुटबॉल के 60 अलग-अलग ब्लेडरों में हेरोइन के 60 पैकेट डाल रखे थे। इस खेप को कब्जे में लेकर स्थानीय तस्करों की तलाश का क्रम शुरू कर दिया गया है। बीएसएफ के अधिकारियों के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत 300 करोड़ रुपए आंकी जा रही है

बीएसएफ के शिकार माछियां हेडक्वार्टर में प्रेस कॉन्फ्रेंस में बल के गुरदासपुर सेक्टर के डीआईजी राजेश शर्मा ने बताया कि शनिवार की रात करीब पौने 3 बजे सीमा चौकी नंगली के बीएसएफ जवान रावी दरिया में बोट पर गश्त कर रहे थे। तभी जवान मास्टर विजय कुमार और आरक्षक बिरसा मुर्मू ने देखा कि रावी में पानी के बहाव में एक संदिग्ध चीज पाकिस्तान की तरफ से आ रही है। तभी उन्होंने उच्चाधिकारियों को सूचित किया।

इसके बाद टूआईसी कुलदीप राजू और सनी कुमार मौके पर पहुंचे और संदिग्ध चीज को पानी से बाहर निकालने लगे तो देखा कि उसके पीछे रस्सी बंधी हुई थी, जो करीब 1500 मीटर थी। पाक तस्कर उस रस्सी को पानी के बहाव के मुताबिक छोड़ रहे थे। जब बीएसएफ जवानों ने इस लंबे से थैले को पकड़ लिया तो पाक तस्करों को इसका पता चल गया और वह पीछे से भाग निकले। चेक करने पर थैले में से फुटबॉल के 60 ब्लेडरों में पैकेटों में बंधी भारी मात्रा में हेरोइन बरामद हुई। हेरोइन की खेप मिलने पर जवानों ने करीब एक घंटा सर्च ऑपरेशन किया, लेकिन वहां कोई तस्कर नहीं मिला।

डीआईजी राजेश शर्मा ने बताया कि बरामद की गई हेरोइन की खेप को एनसीबी नारकोटिक कंट्रोल ब्यूरो अमृतसर को सौंपा जाएगा और हमारी बीएसएफ द्वारा इस एरिया में लगातार सर्च ऑपरेशन जारी रहेगा। वहीं, खेप बरामद करने वाले जवानों का बनता मान सम्मान दिलाया जाएगा।