AirIndia के बाद अब LIC और BPCL समेत कई कंपनियों में हिस्सा बेचेगी सरकार

14 Oct, 2021 | देश व्यापार | Anupma Raj

AirIndia को Tata Sons को बेचने के बाद सरकार ने और भी कई अहम फैसले इससे जुड़े लिए है। 2021,22 में मोदी सरकार आधा दर्जन से ज्यादा कंपनियों के निजीकरण या विनिवेश की योजना बना रही है। सरकार ने इस वित्त वर्ष 1.75 लाख करोड़ रुपए निजीकरण द्वारा हासिल करने का फैसला किया है। फिलहाल सरकार को Axis Bank,NMDC और हुडको आदि में हिस्सेदारी की बिक्री से 8,369 करोड़ रूपये और AirIndia की बिकती से करीब 18 हजार करोड़ रुपए ही जुटाया जा सका है। 

1.75 लाख करोड़ रुपए जुटाने के लिए सरकार LIC,BPCL,पवन हंस, निलांचन इस्पात निगम,सेंट्रल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड,IDBI Bank,SCI में हिस्सादारी बेचकर हासिल करेगी। सरकार LIC का IPO लाकर 1 लाख करोड़ रुपए तक जुटा सकती है। BPCL 50 हजार करोड़ रुपए तक हासिल करेगी। पवन हंस में सरकार की 51% हिस्सादरी है और 49% हिस्सेदारी सरकारी तेल एवं गैस कंपनी ONGC की है। इसके अलावा निलांचन इस्पात निगम के लिए सरकार को कई कंपनियों से एक्सप्रेशन ऑफ रिक्वेस्ट ( EOI) मिला है। वहीं सेंट्रल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड में भी हिस्सेदारी बेचने की तैयारी तेज है। इसके अलावा IDBI बैंक में रणनीतिक विनिवेश और मैनेजमेंट कंट्रोल ट्रांसफर एक के लिए मंजूरी मिल गई है। इसके साथ ही शिपिंग कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया ने भी सरकार ने 63.75% हिस्सेदारी बेच रही है।