कोरोना के शिकार में स्वस्थ लोग

15 Sep, 2020 | Haryana Rohtak |


कोरोना वायरस देश और दुनिया में अपने पैर पसारता जा रहा है। तो वही दूसरी तरफ हरियाणा में जिस रफ्तार से कोरोना संक्रमण के केस सामने आ रहे हैं, उससे इसी सप्ताह कोरोना मरीजों का आंकड़ा एक लाख और मरने वालों की संख्या एक हजार से पार होने की संभावना है। वहीं कोरोना ने अब स्वस्थ लोगों को भी अपना शिकार बनाना शुरू कर दिया है। मगर इनमें से कई मरीज ऐसे भी हैं, जो संक्रमण से पहले पूर्णतया स्वस्थ थे। इन्हें अचानक कोरोना ने घेरा। जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती करना पड़ा और उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। ऐसे ही मरीज अब स्वास्थ्य महकमे के लिए बड़ी चिंता का विषय बने हुए हैं, क्योंकि अभी तक हरियाणा में पूर्णतया स्वास्थ्य मरीजों को कोरोना तो हो रहा था, लेकिन उपचार के बाद वे स्वस्थ हो रहे थे। ऐसे मरीजों की मौत लगभग न के ही बराबर थी। संक्रमण जरूर बढ़ रहा है। मगर देखा जाए तो संक्रमण से मृत्यु दर को हमने अभी भी काफी हद तक नियंत्रित किया हुआ है। कुछ ऐसे मरीजों की मौत भी हो रही है, जो संक्रमण ग्रस्त होने से पहले पूर्णतया स्वस्थ थे। ऐसे मरीजों की मौत का एक कारण अपने उपचार शुरू करवाने में देरी है। जब भी मरीज को कोरोना के लक्षण दिखे, तो वे अपना कोरोना टेस्ट करवाने और उपचार लेने में कतई देरी न करें। टेस्ट की सुविधा अब अमूमन हर जिले में उपलब्ध है। जबकि स्वास्थ्य महकमा लोगों को जागरूक करने में भी पूरा प्रयास कर रहा है।

अब कोरोना से वो लोग भी मरने लगे हैं, जिन्हें पहले कोई गंभीर बीमारी नहीं थी। जबकि अभी तक संक्रमण से मरने वाले अधिकतर लोग ऐसे ही रहे, जो पहले किसी न किसी गंभीर बीमारी से बुरी तरह जूझ रहे थे। दरअसल यह खुलासा स्वास्थ्य महकमे की रिपोर्ट से हुआ है। हरियाणा में अब तक मरने वालों मरीजों की संख्या 1000 पहुंच चुकी है। जिनमें पुरुष मरीजों की संख्या महिलाओं की अपेक्षाकृत ज्यादा है। कुल मृतकों में से 698 पुरुष और 302 महिला मरीज शामिल हैं। रिपोर्ट के मुताबिक मरने वालों में अधिकतर मरीज पहले ही हृदय रोग, किडनी रोग, बीपी, शुगर रोग समेत अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रस्त थे। कोरोना ने इनकी प्रतिरोधक क्षमता इस कदर तक कम कर दी कि उन मरीजों की मौत हो गई।